महाभारत 2.1.9चोदयामास तं कृष्णः सभा वै क्रियतामितिधर्मराजस्य दैतेय यादृशीमिह मन्यसेcodayāmāsa taṃ kṛṣṇaḥ sabhā vai kriyatāmitidharmarājasya daiteya yādṛśīmiha manyaseइस श्लोक का हमारा सरल अर्थ विद्वत् समीक्षा की प्रतीक्षा में है।पुस्तक में खोलेंयह श्लोक साझा करें