महाभारत 12.121.56ततो नो व्यवहारोऽयं भर्तृप्रत्ययलक्षणःतस्मादिदमवोचाम व्यवहारनिदर्शनम्tato no vyavahāro'yaṃ bhartṛpratyayalakṣaṇaḥtasmādidamavocāma vyavahāranidarśanamइस श्लोक का हमारा सरल अर्थ विद्वत् समीक्षा की प्रतीक्षा में है।पुस्तक में खोलेंयह श्लोक साझा करें