महाभारत 12.36.32
एष एव तु सर्वेषामकार्याणां विधिर्भवेत्ब्राह्मणोक्तेन विधिना दृष्टान्तागमहेतुभिः
eṣa eva tu sarveṣāmakāryāṇāṃ vidhirbhavetbrāhmaṇoktena vidhinā dṛṣṭāntāgamahetubhiḥ
इस श्लोक का हमारा सरल अर्थ विद्वत् समीक्षा की प्रतीक्षा में है।
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