महाभारत 12.37.29
न दद्याद्यशसे दानं न भयान्नोपकारिणेन नृत्तगीतशीलेषु हासकेषु च धार्मिकः
na dadyādyaśase dānaṃ na bhayānnopakāriṇena nṛttagītaśīleṣu hāsakeṣu ca dhārmikaḥ
इस श्लोक का हमारा सरल अर्थ विद्वत् समीक्षा की प्रतीक्षा में है।
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