महाभारत 12.59.86
ततस्तां भगवान्नीतिं पूर्वं जग्राह शंकरःबहुरूपो विशालाक्षः शिवः स्थाणुरुमापतिः
tatastāṃ bhagavānnītiṃ pūrvaṃ jagrāha śaṃkaraḥbahurūpo viśālākṣaḥ śivaḥ sthāṇurumāpatiḥ
इस श्लोक का हमारा सरल अर्थ विद्वत् समीक्षा की प्रतीक्षा में है।
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