महाभारत 13.40.43
नापिधायाश्रमं शक्यो रक्षितुं पाकशासनःउटजं वा तथा ह्यस्य नानाविधसरूपता
nāpidhāyāśramaṃ śakyo rakṣituṃ pākaśāsanaḥuṭajaṃ vā tathā hyasya nānāvidhasarūpatā
इस श्लोक का हमारा सरल अर्थ विद्वत् समीक्षा की प्रतीक्षा में है।
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