महाभारत 14.59.24
अवधीन्मद्रराजानं कुरुराजो युधिष्ठिरःतस्मिंस्तथार्धदिवसे कर्म कृत्वा सुदुष्करम्
avadhīnmadrarājānaṃ kururājo yudhiṣṭhiraḥtasmiṃstathārdhadivase karma kṛtvā suduṣkaram
इस श्लोक का हमारा सरल अर्थ विद्वत् समीक्षा की प्रतीक्षा में है।
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