महाभारत 3.13.35
नैवं पूर्वे नापरे वा करिष्यन्ति कृतानि तेकर्माणि यानि देव त्वं बाल एव महाद्युते
naivaṃ pūrve nāpare vā kariṣyanti kṛtāni tekarmāṇi yāni deva tvaṃ bāla eva mahādyute
इस श्लोक का हमारा सरल अर्थ विद्वत् समीक्षा की प्रतीक्षा में है।
पुस्तक में खोलें