महाभारत 3.146.11
यदि तेऽहं प्रिया पार्थ बहूनीमान्युपाहरतान्यहं नेतुमिच्छामि काम्यकं पुनराश्रमम्
yadi te'haṃ priyā pārtha bahūnīmānyupāharatānyahaṃ netumicchāmi kāmyakaṃ punarāśramam
इस श्लोक का हमारा सरल अर्थ विद्वत् समीक्षा की प्रतीक्षा में है।
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