महाभारत 3.296.32
अथाब्रवीद्भीमसेनं कुन्तीपुत्रो युधिष्ठिरःनकुलः सहदेवश्च बीभत्सुश्चापराजितः
athābravīdbhīmasenaṃ kuntīputro yudhiṣṭhiraḥnakulaḥ sahadevaśca bībhatsuścāparājitaḥ
इस श्लोक का हमारा सरल अर्थ विद्वत् समीक्षा की प्रतीक्षा में है।
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