महाभारत 5.139.36
नकुलः सहदेवश्च माद्रीपुत्रौ यशस्विनौशामित्रं तौ महावीर्यौ सम्यक्तत्र करिष्यतः
nakulaḥ sahadevaśca mādrīputrau yaśasvinauśāmitraṃ tau mahāvīryau samyaktatra kariṣyataḥ
इस श्लोक का हमारा सरल अर्थ विद्वत् समीक्षा की प्रतीक्षा में है।
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