महाभारत 5.186.1
भीष्म उवाच · bhīṣma uvāca
ततो हलहलाशब्दो दिवि राजन्महानभूत्प्रस्वापं भीष्म मा स्राक्षीरिति कौरवनन्दन
tato halahalāśabdo divi rājanmahānabhūtprasvāpaṃ bhīṣma mā srākṣīriti kauravanandana
इस श्लोक का हमारा सरल अर्थ विद्वत् समीक्षा की प्रतीक्षा में है।
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