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महाभारत 6.1.1
जनमेजय उवाच · janamejaya uvāca
कथं युयुधिरे वीराः कुरुपाण्डवसोमकाःपार्थिवाश्च महाभागा नानादेशसमागताः
kathaṃ yuyudhire vīrāḥ kurupāṇḍavasomakāḥpārthivāśca mahābhāgā nānādeśasamāgatāḥ
इस श्लोक का हमारा सरल अर्थ विद्वत् समीक्षा की प्रतीक्षा में है।
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