महाभारत 6.86.86
न स्म पश्यामहे कंचिद्यः प्राणान्परिरक्षतिसंग्रामे दैत्यसंकाशे तस्मिन्योद्धा नराधिप
na sma paśyāmahe kaṃcidyaḥ prāṇānparirakṣatisaṃgrāme daityasaṃkāśe tasminyoddhā narādhipa
इस श्लोक का हमारा सरल अर्थ विद्वत् समीक्षा की प्रतीक्षा में है।
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