महाभारत 7.153.12
स तु तेन प्रहारेण भैमसेनिर्महाबलःईषन्मूर्छान्वितोऽऽत्मानं संस्तम्भयत वीर्यवान्
sa tu tena prahāreṇa bhaimasenirmahābalaḥīṣanmūrchānvito''tmānaṃ saṃstambhayata vīryavān
इस श्लोक का हमारा सरल अर्थ विद्वत् समीक्षा की प्रतीक्षा में है।
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