महाभारत 7.153.27
युद्धं तदभवद्घोरं भैम्यलायुधयोर्नृपहरीन्द्रयोर्यथा राजन्वालिसुग्रीवयोः पुरा
yuddhaṃ tadabhavadghoraṃ bhaimyalāyudhayornṛpaharīndrayoryathā rājanvālisugrīvayoḥ purā
इस श्लोक का हमारा सरल अर्थ विद्वत् समीक्षा की प्रतीक्षा में है।
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