वाल्मीकि रामायण 6.6.12
एवम् मन्त्रो अपि विज्ञेय उत्तम अधम मध्यमः ।ऐकमत्यम् उपागम्य शास्त्र दृष्टेन चक्षुषा॥
evam mantro api vijñeya uttama adhama madhyamaḥ |aikamatyam upāgamya śāstra dṛṣṭena cakṣuṣā ||
इस श्लोक का हमारा सरल अर्थ विद्वत् समीक्षा की प्रतीक्षा में है।
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