वाल्मीकि रामायण 6.79.8
विद्रवत्सु तदा तेषु वानरेषु समन्ततः।रामस्तान् वारयामास शरवर्षेण राक्षसान्॥
vidravatsu tadā teṣu vānareṣu samantataḥ |rāmastān vārayāmāsa śaravarṣeṇa rākṣasān ||
इस श्लोक का हमारा सरल अर्थ विद्वत् समीक्षा की प्रतीक्षा में है।
पुस्तक में खोलें