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वाल्मीकि रामायण 6.49.12
इहैव देहं त्यक्ष्यामि न हि जीवितुमुत्सहे॥
ihaiva dehaṃ tyakṣyāmi na hi jīvitumutsahe ||
इस श्लोक का हमारा सरल अर्थ विद्वत् समीक्षा की प्रतीक्षा में है।
पुस्तक में खोलेंइहैव देहं त्यक्ष्यामि न हि जीवितुमुत्सहे॥
ihaiva dehaṃ tyakṣyāmi na hi jīvitumutsahe ||
इस श्लोक का हमारा सरल अर्थ विद्वत् समीक्षा की प्रतीक्षा में है।
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